बॉलीवुड में अहम योगदान के बारे में बात की जाएगी तो उसमें कपूर खानदान का नाम सबसे पहले शुमार किया जाएगा. बॉलीवुड में अभी तक कपूर खानदान की कई पीढ़ियां कलाकारी का जलवा दिखा चुकी हैं.अभिनेता पृथ्वी राज कपूर से लेकर रणबीर कपूर तक सभी ने हिंदी सिनेमा को अपना अहम योगदान दिया है.

कपूर खानदान में से ही एक ऐसे भी शख्स थे जिनकी हालत एक समय पर बेहद ही खराब हो गई थी और उनके पास एक भी पैसा नहीं बचा था लेकिन फिर भी उन्होंने किसी के सामने हाथ नहीं फैलाए थे. हम बात कर रहे हैं. अपने समय के सुपरस्टार रहे शशि कपूर के बारे में जिन्होंने 70 के दशक में अपनी एक्टिंग के जरिए खूब चर्चाएं बटोरी थीं.

पृथ्वीराज कपूर के सबसे छोटे लड़के शशि कपूर बचपन से ही अलग प्रवृत्ति के इंसान थे. 18 मार्च 1938 को जन्मे शशि कपूर का यह नाम एक्टिंग में आने के बाद चेंज हुआ था. दरअसल, उनका बचपन में नाम बलवीर राज हुआ करता था. विदेशी महिला से शादी रचाने वाले शशि कपूर के जीवन के दौरान कई सारे ख़राब समय आए. साल 1984 का समय था जब उनकी पत्नी का कैंसर की वजह से निधन हो गया था. इसके बाद उनकी हालत बेहद नाजुक हो गई थी और उन्होंने अपने ऊपर बिल्कुल भी ध्यान देना बंद कर दिया था.

एक खराब समय इनके जीवन का 60 के दशक के दौरान आया था जब उन्हें काफी आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ा था क्योंकि उन्हें सभी फिल्मों में काम मिलना बंद हो गया था. इसका खुलासा उनके बेटे कुणाल कपूर ने हाल ही में किया है. उन्होंने कहा कि इस दौरान हमें घर के कपड़े और बर्तन तक बेचने पड़े थे

मात्र 75 रुपये से अपने काम की शुरुआत करने वाले इस दिग्गज अभिनेता का साल 2017 में निधन हो गया था. उन्होंने सिलसिला, सुहाग, त्रिशूल, काला पत्थर जैसी फिल्मों में काम करके लाखों लोगों को अपना दीवाना बनाया था. हिंदी सनेमा के इस अभिनेता को लोग आज भी याद करते हैं.