माधुरी दीक्षित बॉलीवुड की एक ऐसी अदाकारा है जिन्होंने बॉलीवुड में अपनी एक अलग ही पहचान बनाई है. 90 के दशक की सबसे सुंदर और अपने डांस से लोगों के दिलों पर राज करने वाली माधुरी दीक्षित हिंदी सिनेमा की एक ऐसी हस्ति है जिनकी जगह शायद ही कोई अभिनेत्री ले सके.

माधुरी दीक्षित ने बॉलीवुड के कई सारी बेहतरीन फिल्मों में काम किया है और अपने एक्टिंग के दम पर बॉलीवुड को एक अलग ही दिशा में मोड़ा है. माधुरी दीक्षित ने बॉलीवुड से नेम, फेम, पैसा हर चीज कमाया है. माधुरी दीक्षित अपने अभिनय के साथ-साथ अपने डांस के लिए भी लोगों के दिलों में राज करती थी और यही कारण है कि माधुरी दीक्षित को काफी कम समय में इतना ज्यादा बड़ी सफलता हासिल हो गई.

माधुरी दीक्षित अपने बच्चों की परवरिश क्यों करना चाहती थी भारत में.

माधुरी दीक्षित ने बॉलीवुड में काफी बेहतरीन बेहतरीन फिल्मों में अपना बेहतरीन प्रदर्शन दिया है. माधुरी दीक्षित ने फिल्म बेटा, खलनायक, राम-लखन जैसी सुपरहिट फिल्मों में लीड रोल में काम किया है. इतनी बड़ी सफलता हासिल करने के बाद माधुरी दीक्षित कुछ समय के लिए फिल्मी दुनिया से काफी ज्यादा दूर चली गई थीं हालांकि फिर से वह फिल्मी दुनिया में वापस लौट आई है.

दरअसल, माधुरी दीक्षित ने जैसे ही शादी की वैसे ही माधुरी दीक्षित विदेश जाकर बस गई और फिल्मों की दुनिया से अपने आप को काफी दूर कर लिया. हालांकि, बाद में जब माधुरी दीक्षित को लगा की वो अपने संस्कृति से दूर जा रही है तो वो भारत वापस आ गईं.

एक इंटरव्यू के दौरान माधुरी से पूछा गया कि अगर आपको विदेश में रहने का फिर से मौका मिले तो आप क्या करेंगी, तो माधुरी ने मना कर दिया और माधुरी ने कहा की अगर मैं थोड़े समय और डेनवर में रह जाती तो मैं अपने बच्चों के अंदर भारतीय संस्कृति नहीं ला पाती और मेरे बच्चे भटक जाते, इसीलिए मैंने काफी जल्दी फैसला कर लिया था भारत लौटने का और यही कारण है कि मैंने अपने बच्चों के अंदर संस्कृति का गुण सजाया है.

माधुरी ने शादी के बाद 12 साल डेनवर में बिताए थे, लेकिन माधुरी कहती है कि जो मजा अपने देश में है वह किसी भी जगह नहीं है. माधुरी दीक्षित भले ही 12 साल विदेश में रही है लेकिन उनका रवैया अभी भी नहीं बदला है और यही कारण है कि माधुरी दीक्षित अपने आपको भारतीय सभ्यता और संस्कृति से दूर नहीं रख पाई.