माफ़िया डॉन गंगूबाई की असल ज़िन्दगी की कहानी से प्रेरित, संजय लीला भंसाली की फिल्म ‘गंगूबाई काठियावाड़ी’ का टीजर रिलीज कर दिया गया है. इस टीजर में आलिया भट्ट ‘गंगूबाई’ के दमदार किरदार में नज़र आ रहीं हैं. ‘गंगूबाई काठियावाड़ी’ के टीजर में आलिया ना सिर्फ धांसू डायलॉग बोलती नज़र आती हैं बल्कि उन्हें लोगों की पिटाई करते हुए भी देखा जा सकता है.


एक डायलॉग में आलिया कहती हैं, ‘गंगू चांद थी और चांद ही रहेगी’ , वहीं एक अन्य डायलॉग में आलिया कहतीं हैं, ‘कुमारी किसी ने छोड़ा नहीं और श्रीमती किसी ने बनाया नहीं’. रिलीज के बाद से ही इस फिल्म का टीजर लोगों के बीच भी खासा पॉपुलर हो रहा है. आपको बता दें कि अब तक इसी टीजर को 50 लाख से अधिक बार देखा चुका है. वहीं, इसे 1 लाख से ज्यादा लोग पसंद कर चुके हैं.

‘गंगूबाई काठियावाड़ी’ की तैयारी वैसे तो साल 2019 से ही चल रही थी. ख़बरों की मानें तो फिल्म की शूटिंग भी 2019 के आख़िरी महीनों में शुरू कर दी गई थी. खुद उस समय आलिया ने इस बात की जानकारी अपनी एक इन्स्टाग्राम पोस्ट के जरिए दी थी. हालांकि, मार्च 2020 में लगे लॉकडाउन के चलते इस फिल्म की शूटिंग को रोकना पडा था.

वहीं, अक्टूबर 2020 में लॉकडाउन में ढील मिलते ही इस फिल्म की शूटिंग ने एक बार फिर रफ़्तार पकड़ ली थी. आपको बता दें कि फिल्म ‘गंगूबाई काठियावाड़ी’, ‘गंगूबाई’ नाम की महिला की असल कहानी से प्रेरित है. ख़बरों की मानें तो गंगुबाई गुजरात के काठियावाड़ की रहने वाले थीं और वह एक अच्छे और समृद्ध परिवार से ताल्लुक रखती थीं. हालांकि, शादी के बाद उनके पति ने चंद पैसों के लिए उन्हें एक कोठे पर बेच दिया था.

यहीं से शुरू हुई थी गंगूबाई की असल कहानी. मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो 60 के दशक में गंगूबाई की धमक और धोंस पूरी मुंबई पर चलती थी. गंगूबाई, मुंबई में व्यवस्थित ढ़ंग से कोठों का संचालन करती थीं और पुलिस से लेकर नेताओं -अधिकारियों तक उनकी अच्छी पकड़ थी. बताते चलें कि राइटर एस.हुसैन ज़ैदी ने अपनी किताब ‘माफ़िया क्वींस ऑफ़ मुम्बई’ में गंगुबाई के बारे में विस्तार से बताया है.